हेल्थ

बिहार में लापरवाही की हद: नमक की जगह मिड-डे मील में बच्चों को खिला दिया डिटर्जेंट, जानें केमिकल का सेवन शरीर के लिए कितना खतरनाक?

बिहार के सरकारी स्कूलों में मिलने वाले मिड-डे मील (पीएम पोषण योजना) में घोर लापरवाही का एक बेहद गंभीर और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। स्कूल में खाना बनाते समय रसोइयों द्वारा अनजाने या लापरवाही में नमक की जगह डिटर्जेंट (कपड़े धोने का पाउडर) दाल/सब्जी में मिला दिया गया, जिसे खाने के बाद कई स्कूली बच्चों की तबीयत अचानक …

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हाथों की लाल मेहंदी कहीं सेहत के लिए न बन जाए जहर: मेहंदी लगे हाथ से खाना खाना कितना खतरनाक? जानिए केमिकल, पीपीडी और मेडिकल साइंस का असली सच

भारतीय संस्कृति और परंपराओं में मेहंदी का स्थान बेहद पावन और खास माना गया है। करवा चौथ, तीज, रक्षाबंधन, ईद, सावन या शादियों का खुशनुमा माहौल—हाथों में रची गाढ़ी लाल-काली मेहंदी के बिना हर उत्सव अधूरा सा लगता है। इसके साथ ही भारत में अपने हाथों से खाना खाने की एक समृद्ध और प्राचीन परंपरा है, जिसे स्वाद और तृप्ति …

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पेशाब में जलन और बार-बार इन्फेक्शन का दर्द: महिलाओं में क्यों बार-बार लौट आता है UTI? जानिए शरीर की बनावट, 6 बड़ी गलतियां और बचाव के अचूक डॉक्टरी उपाय

यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन यानी यूटीआई (UTI) महिलाओं में होने वाली सबसे आम, दर्दनाक और परेशान करने वाली स्वास्थ्य समस्याओं में से एक है। चिकित्सा अध्ययनों के अनुसार, दुनिया भर में लगभग 50 से 60 प्रतिशत महिलाएं अपने जीवनकाल में कम से कम एक बार यूटीआई का शिकार जरूर होती हैं। लेकिन इससे भी ज्यादा चिंताजनक बात यह है कि इनमें …

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‘इलाज का सहारा या जेब पर डाका?’, प्राइवेट अस्पतालों की बिलिंग और मनमानी पर 68% मरीजों ने उठाए गंभीर सवाल; हिडन चार्ज, महंगे टेस्ट और डिस्चार्ज में देरी के खेल का पर्दाफाश

बीमारी कभी बताकर नहीं आती, लेकिन जब वह आती है तो किसी भी आम या मध्यमवर्गीय परिवार की जिंदगी भर की जमा-पूंजी को हिलाकर रख देती है। आधुनिक दौर में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं, अत्याधुनिक मेडिकल टेक्नोलॉजी और त्वरित उपचार की उम्मीद में लोग सरकारी अस्पतालों की लंबी कतारों से बचकर निजी (प्राइवेट) अस्पतालों का रुख करते हैं। हालांकि, इलाज के …

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15 अगस्त पर लें बीमारियों से आजादी का संकल्प, घर बैठे बिना किसी मशीन के खुद करें ये 15 आसान हेल्थ टेस्ट; 10 मिनट में पता चल जाएगा आपका दिल

15 अगस्त का दिन हर भारतीय के लिए गुलामी की जंजीरों को तोड़कर आजादी के जश्न में डूबने का पावन अवसर होता है। हालांकि, आधुनिक दौर की भागदौड़, तनाव, खराब खानपान और गतिहीन जीवनशैली (Sedentary Lifestyle) के चलते आज ज्यादातर लोग डायबिटीज, हाइपरटेंशन, मोटापा, फैटी लिवर और दिल की बीमारियों की जंजीरों में जकड़ते जा रहे हैं। अक्सर हम सोचते …

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मसूड़ों से खून आने की समस्या को बिल्कुल न करें नजरअंदाज! जानिए कैसे आपके दांतों की अनदेखी बढ़ा सकती है दिल के दौरे का खतरा

हम अक्सर अपने शरीर की सेहत और फिटनेस का ध्यान रखते हैं, लेकिन मुंह और दांतों की स्वच्छता को अक्सर नजरअंदाज कर देते हैं। दांतों को रोजाना साफ करना केवल एक सामान्य दैनिक आदत मान ली जाती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपके मसूड़ों से निकलने वाला खून केवल मुंह की नहीं, बल्कि आपके दिल की सेहत के …

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दोपहर में खाना खाते ही क्यों आने लगती है तेज नींद? जानिए शरीर के अंदर का पूरा साइंस और आलस भगाने के 5 असरदार उपाय

चाहे आप दफ्तर में बैठकर काम कर रहे हों या घर पर आराम कर रहे हों, दोपहर का खाना खाते ही अक्सर भारीपन, आलस और तेज नींद का अहसास होने लगता है। आंखों की पलकें अपने आप झुकने लगती हैं और दिमाग की काम करने की गति धीमी पड़ जाती है। बोलचाल की भाषा में इस स्थिति को ‘फूड कोमा’ …

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डायबिटीज में अचार, पापड़ और चटनी खाना कितना सुरक्षित? जानें एक्सपर्ट की राय, ब्लड शुगर और बीपी पर होने वाले असर का पूरा सच

भारतीय थाली में अचार, पापड़ और चटनी स्वाद बढ़ाने का काम करते हैं, लेकिन डायबिटीज (मधुमेह) के मरीजों के लिए इनका अत्यधिक या असावधानीपूर्वक सेवन सेहत को भारी नुकसान पहुंचा सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, यद्यपि ये खाद्य पदार्थ सीधे तौर पर हमेशा ब्लड शुगर को तुरंत नहीं बढ़ाते, लेकिन इनमें मौजूद अत्यधिक सोडियम (नमक), तेल, ट्रांस-फैट और छिपी …

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पानी में रहने को मजबूर 5 साल का बच्चा: क्या है ‘एक्वाजेनिक अर्टिकेरिया’ और ‘इचिथियोसिस’? जानिए पानी से जुड़ी इस बेहद दुर्लभ बीमारी का सच

पानी से बाहर निकलते ही त्वचा में भयानक जलन होना या पानी के संपर्क में आते ही शरीर पर लाल चकत्ते व खुजली होना मेडिकल साइंस की दुनिया में एक अत्यंत दुर्लभ और जटिल त्वचा रोग (Rare Skin Disease) माना जाता है। इस तरह के मामलों में मुख्य रूप से दो प्रमुख चिकित्सीय स्थितियां जिम्मेदार होती हैं: एक्वाजेनिक अर्टिकेरिया (Aquagenic …

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GLP-1 दवाओं से बदल रहा मोटापे का इलाज: क्या अब बैरियाट्रिक सर्जरी की जरूरत होगी कम? जानिए वजन घटाने की नई क्रांति के पीछे का सच

हाल के वर्षों में चिकित्सा विज्ञान (Medical Science) के क्षेत्र में मोटापे (Obesity) के इलाज को लेकर एक अभूतपूर्व क्रांति देखने को मिली है। इस बदलाव के केंद्र में हैं GLP-1 (ग्लुकागॉन-लाइक पेप्टाइड-1) रिसेप्टर एगोनिस्ट वर्ग की दवाएं। शुरुआत में टाइप-2 डायबिटीज (Type-2 Diabetes) के मरीजों में ब्लड शुगर को नियंत्रित करने के लिए विकसित की गई ये दवाएं—जैसे सेमाग्लूटाइड …

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