केरल की बेटी केजिया लिज मेजो के सिर सजा ‘मिस यूनिवर्स इंडिया’ का ताज: आर्किटेक्चर की पढ़ाई से लेकर ग्लैमर की दुनिया तक, जानिए कौन हैं देश की नई ब्यूटी क्वीन

भारतीय सौंदर्य और प्रतिभा के सबसे प्रतिष्ठित मंच पर केरल की प्रतिभाशाली सुंदरी केजिया लिज मेजो ने अपने आत्मविश्वास, बौद्धिक क्षमता और अद्वितीय आकर्षण से नया इतिहास रच दिया है। देश भर से चुनी गईं शीर्ष सुंदरियों को पीछे छोड़ते हुए केजिया लिज मेजो ने ‘मिस यूनिवर्स इंडिया’ का प्रतिष्ठित ताज अपने नाम कर लिया है। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही वे अब 75वें मिस यूनिवर्स ग्लोबल पेजेंट में 140 करोड़ भारतीयों की उम्मीदों और आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करते हुए तिरंगा लहराएंगी। केवल अपनी सुंदरता के दम पर ही नहीं, बल्कि अपनी उच्च शिक्षा, तार्किक सोच और सामाजिक सरोकारों के प्रति समर्पण के चलते केजिया इस प्रतियोगिता की शुरुआत से ही जजों और दर्शकों की पहली पसंद बनी हुई थीं।

कौन हैं केजिया लिज मेजो: केरल की सांस्कृतिक धरती से राष्ट्रीय पटल तक

केजिया लिज मेजो मूल रूप से दक्षिण भारत के खूबसूरत तटीय राज्य केरल की रहने वाली हैं। एक सुशिक्षित, प्रगतिशील और संस्कारी परिवार में पली-बढ़ीं केजिया का बचपन से ही कला, साहित्य और डिजाइनिंग के प्रति गहरा रुझान रहा है। उनके माता-पिता ने हमेशा उन्हें अपने सपनों को पूरा करने और परंपरा के साथ आधुनिक सोच का संतुलन बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।

शुरुआती दिनों से ही केजिया केवल किताबी ज्ञान तक सीमित नहीं रहीं, बल्कि वे वाद-विवाद प्रतियोगिताओं, नाट्य मंचन और सार्वजनिक भाषणों में सक्रिय रूप से भाग लेती थीं। यही कारण है कि बड़े से बड़े मंच पर भी उनका आत्मविश्वास कभी नहीं डगमगाया। उनके गृह राज्य केरल में इस जीत के बाद जश्न का माहौल है और स्थानीय स्तर पर उन्हें बधाइयां देने वालों का तांता लगा हुआ है।

आर्किटेक्चर की पढ़ाई और रचनात्मक सोच: डिजाइन से रैंप तक का सफर

ग्लैमर और फैशन की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाने वाली केजिया लिज मेजो का शैक्षणिक बैकग्राउंड बेहद प्रभावशाली है। उन्होंने आर्किटेक्चर (वास्तुकला) में अपनी स्नातक की डिग्री पूरी की है। कॉलेज के दिनों में वे एक मेधावी छात्रा के रूप में जानी जाती थीं, जो सस्टेनेबल डिजाइनिंग और पर्यावरण-अनुकूल इमारतों के निर्माण पर विशेष ध्यान देती थीं।

वास्तुकला की पढ़ाई ने उनकी सोच को एक संरचनात्मक ढांचा, अनुशासन और रचनात्मक गहराई प्रदान की। केजिया का मानना है कि जिस तरह एक आर्किटेक्ट किसी खाली जमीन पर सुंदर और मजबूत इमारत की रचना करता है, उसी तरह एक व्यक्ति को अपने व्यक्तित्व और चरित्र का निर्माण भी बहुत सोच-समझकर और मजबूत नींव पर करना चाहिए। उनकी इसी रचनात्मक दृष्टि ने उन्हें फैशन और पेजेंट्री के क्षेत्र में अन्य प्रतिभागियों से बिल्कुल अलग और अनूठा साबित किया।

मॉडलिंग में पहला कदम और ब्यूटी पेजेंट्स में लगातार सफलता

अपनी पढ़ाई के दौरान ही केजिया ने फैशन और मॉडलिंग उद्योग में अपनी रुचि को आगे बढ़ाना शुरू किया था। शुरुआत में उन्होंने कई प्रतिष्ठित फैशन डिजाइनरों और ब्रांड्स के लिए प्रिंट शूट्स और रैंप वॉक किए। उनकी लंबी कद-काठी, तीखे नैन-नक्श और प्रभावशाली वॉक ने बहुत जल्द इंडस्ट्री के शीर्ष कोरियोग्राफर्स और स्टाइल एक्सपर्ट्स का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।

राष्ट्रीय स्तर के सौंदर्य मंचों पर उतरने से पहले उन्होंने कई राज्य स्तरीय और क्षेत्रीय प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। हर असफलता या चुनौती को उन्होंने एक सीख के रूप में लिया और अपने ग्रूमिंग, कम्युनिकेशन स्किल्स और बॉडी लैंग्वेज को लगातार निखारा। पेजेंट एक्सपर्ट्स का कहना है कि केजिया की सबसे बड़ी ताकत मंच पर उनकी सहजता और चेहरे की स्वाभाविक मुस्कान है।

मिस यूनिवर्स इंडिया का ग्रैंड फिनाले और निर्णायक सवाल का जवाब

मिस यूनिवर्स इंडिया के ग्रैंड फिनाले में देश के अलग-अलग राज्यों से आईं दर्जनों प्रतिभाशाली सुंदरियों के बीच कड़ा मुकाबला था। स्विमसूट राउंड, नेशनल कॉस्ट्यूम राउंड और ईवनिंग गाउन राउंड में शानदार प्रदर्शन करते हुए केजिया ने टॉप फाइनलिस्ट्स में अपनी जगह बनाई।

प्रतियोगिता का सबसे निर्णायक क्षण सवाल-जवाब (Question-Answer) राउंड था, जहां जजों द्वारा समकालीन वैश्विक मुद्दों, महिला सशक्तिकरण और युवाओं की भूमिका पर सवाल पूछे गए। केजिया ने बिना किसी झिझक के बेहद परिपक्व, संतुलित और प्रेरक उत्तर दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि आधुनिक महिला केवल सुंदरता का प्रतीक नहीं है, बल्कि वह परिवर्तन, निर्णय लेने की क्षमता और सामाजिक बदलाव की सबसे मजबूत धुरी है। उनके इसी उत्तर ने जजों का दिल जीत लिया और सर्वसम्मति से उन्हें विजेता घोषित किया गया।

सस्टेनेबिलिटी, मानसिक स्वास्थ्य और बाल शिक्षा के लिए कार्य

केजिया लिज मेजो केवल एक मॉडल या ब्यूटी क्वीन नहीं हैं, बल्कि वे एक समर्पित सामाजिक कार्यकर्ता भी हैं। अपने आर्किटेक्चर बैकग्राउंड के चलते वे पर्यावरण संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त जीवनशैली और सस्टेनेबल लिविंग के अभियानों से लंबे समय से जुड़ी हुई हैं।

इसके अतिरिक्त, वे युवाओं के बीच मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता (Mental Health Awareness) और वंचित वर्ग के बच्चों की प्राथमिक शिक्षा के लिए काम करने वाले गैर-सरकारी संगठनों (NGOs) के साथ सक्रिय रूप से जुड़ी हुई हैं। उनका मानना है कि एक मिस यूनिवर्स इंडिया का असली दायित्व यह होता है कि वह अपने पद और प्रभाव का उपयोग समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की आवाज बनने के लिए करे।

मिस यूनिवर्स 2026 की तैयारी और भारत के लिए नया सपना

सुष्मिता सेन (1994), लारा दत्ता (2000) और हरनाज संधू (2021) के बाद भारत को एक बार फिर मिस यूनिवर्स का ताज दिलाने का दारोमदार अब केजिया लिज मेजो के कंधों पर है। राष्ट्रीय खिताब जीतने के तुरंत बाद ही उन्होंने आगामी वैश्विक प्रतियोगिता के लिए अपनी गहन ट्रेनिंग शुरू कर दी है।

इस विशेष प्रशिक्षण में इंटरनेशनल पेजेंट्री कोच, डायटिशियन, फिटनेस ट्रेनर्स और डिप्लोमैटिक कम्युनिकेशन एक्सपर्ट्स की एक टीम उनके साथ काम कर रही है। भारतीय संस्कृति, विविधता और आधुनिक नारी शक्ति के संदेश को दुनिया के सबसे बड़े मंच पर प्रस्तुत करने के लिए केजिया पूरी तरह तैयार हैं। पूरे देश को उम्मीद है कि केजिया अपनी प्रतिभा के दम पर एक बार फिर भारत का नाम पूरी दुनिया में रोशन करेंगी।

 

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