‘भाई होना जरूरी नहीं…’ रक्षाबंधन पर बहनों के रिश्ते पर सवाल उठाने वाले ट्रोल्स को कृति सेनन का करारा जवाब, वायरल हुआ भावुक पोस्ट

भाई-बहन के अटूट प्रेम, सुरक्षा और विश्वास का प्रतीक रक्षाबंधन का त्योहार पूरे देश में धूमधाम से मनाया गया। आम जनता से लेकर बॉलीवुड के गलियारों तक सितारों ने अपने-अपने अंदाज में इस पावन पर्व की खुशियां साझा कीं। लेकिन इसी बीच नेशनल अवॉर्ड विनर और बॉलीवुड की शीर्ष अभिनेत्री कृति सेनन ने रक्षाबंधन का जश्न कुछ अलग और बेहद खास अंदाज में मनाया। कृति हर साल की तरह इस बार भी अपनी छोटी बहन नूपुर सेनन के साथ रक्षाबंधन मनाती नजर आईं। हालांकि, सोशल मीडिया पर कुछ रूढ़िवादी सोच वाले ट्रोल्स ने जब उनके इस सेलिब्रेशन पर सवाल उठाए, तो कृति सेनन ने चुप रहने के बजाय ट्रोल्स को ऐसा आईना दिखाया कि उनकी बोलती बंद हो गई।

कृति सेनन ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर बहन नूपुर के साथ राखी बांधते हुए कई दिलकश तस्वीरें साझा कीं और साथ में एक ऐसा सशक्त नोट लिखा, जो अब सोशल मीडिया पर हर किसी का ध्यान खींच रहा है।

बहनों का अटूट बंधन: जब कृति और नूपुर ने एक-दूसरे की कलाई पर बांधी राखी

कृति सेनन और उनकी बहन नूपुर सेनन के बीच का रिश्ता बॉलीवुड में सबसे चर्चित और गहरे सिबलिंग बॉन्ड्स में से एक माना जाता है। इस बार भी रक्षाबंधन के दिन दोनों बहनों ने पारंपरिक परिधान पहनकर पूजा की थाली सजाई और पूरी श्रद्धा के साथ एक-दूसरे की कलाई पर रक्षा सूत्र यानी राखी बांधी।

साझा की गई तस्वीरों में देखा जा सकता है कि कृति और नूपुर एक-दूसरे को मिठाई खिला रही हैं, गले मिल रही हैं और बचपन की तरह खिलखिलाती नजर आ रही हैं। कृति ने पीले रंग का खूबसूरत अनारकली सूट पहना हुआ था, जबकि नूपुर हल्के गुलाबी रंग के परिधान में बेहद खूबसूरत लग रही थीं। लेकिन इन मनमोहक तस्वीरों के कमेंट सेक्शन में कुछ इंटरनेट यूजर्स ने तंज कसना शुरू कर दिया कि “राखी तो भाई-बहन का त्योहार है, दो बहनें आपस में राखी क्यों बांध रही हैं? क्या आपका कोई सगा भाई नहीं है?”

‘रक्षा का वादा सिर्फ भाई तक सीमित क्यों?’: ट्रोल्स पर कृति का तीखा पलटवार

हमेशा अपनी सादगी और गरिमा के लिए जानी जाने वाली कृति सेनन ने इन संकीर्ण सोच वाले ट्रोल्स को बेहद शालीन लेकिन बेहद कड़े शब्दों में जवाब दिया। कृति ने अपनी पोस्ट के कैप्शन में लिखा कि प्यार, सम्मान और एक-दूसरे की रक्षा करने का संकल्प किसी जेंडर या लिंग का मोहताज नहीं होता।

कृति ने लिखा, “हर साल लोग हमसे पूछते हैं कि तुम्हारा कोई भाई नहीं है, तो तुम राखी क्यों मनाती हो? मेरा जवाब हमेशा यही रहता है कि रक्षाबंधन का मूल अर्थ केवल एक पुरुष द्वारा महिला की रक्षा करना नहीं है, बल्कि यह दो आत्माओं के बीच एक-दूसरे का संबल बनने, एक-दूसरे की ढाल बनने और हर परिस्थिति में साथ खड़े रहने का वादा है। नूपुर और मैं बचपन से एक-दूसरे की सबसे बड़ी ताकत, सबसे अच्छी दोस्त और रक्षक रही हैं। हमने एक-दूसरे के सपनों की रक्षा की है और हर मुश्किल में एक-दूसरे का हाथ थामा है। इसलिए हमें अपनी खुशियों और परंपरा को निभाने के लिए किसी पुरानी सोच के सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं है।”

बचपन से चली आ रही है दोनों सेनन सिस्टर्स की यह अनूठी परंपरा

यह पहली बार नहीं है जब कृति और नूपुर ने इस तरह रक्षाबंधन मनाया हो। दिल्ली के एक मध्यमवर्गीय और सुशिक्षित परिवार में पली-बढ़ीं कृति और नूपुर के माता-पिता ने हमेशा अपनी दोनों बेटियों को स्वावलंबी और सशक्त बनाया है। उनके घर में बचपन से ही यह परंपरा रही है कि दोनों बहनें एक-दूसरे को राखी बांधती हैं।

कृति ने पहले भी कई साक्षात्कारों में यह खुलासा किया था कि जब वे छोटी थीं, तब उनके स्कूल में कई बच्चे उनसे पूछते थे कि उनका भाई क्यों नहीं है। उस समय उनकी मां गीता सेनन और पिता राहुल सेनन ने दोनों बेटियों को समझाया था कि वे दोनों ही एक-दूसरे की रक्षक हैं और किसी भी मामले में बेटों से कम नहीं हैं। उसी दिन से दोनों बहनें हर साल इस त्योहार को पूरे उत्साह के साथ मनाती आ रही हैं। आज जब दोनों बहनें अपने-अपने करियर में सफल हैं, तब भी वे इस परंपरा को कभी नहीं भूलतीं।

सोशल मीडिया पर मिला भारी जनसमर्थन: सेलेब्स ने भी की तारीफ

कृति सेनन के इस बेबाक और प्रगतिशील पोस्ट के सामने आते ही सोशल मीडिया पर सकारात्मक प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। प्रशंसकों के साथ-साथ बॉलीवुड जगत की कई जानी-मानी हस्तियों ने कृति के इस नजरिए का खुलकर समर्थन किया।

अभिनेत्री भूमि पेडनेकर, आयुष्मान खुराना, दीया मिर्जा, राजकुमार राव और हुमा कुरैशी जैसी हस्तियों ने कृति की पोस्ट पर दिल वाले इमोजी और सराहना भरे कमेंट्स किए। वहीं, आम यूजर्स ने भी ट्रोल्स को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि आज की 21वीं सदी में भी यदि कोई रिश्तों को केवल रूढ़िवादी चश्मे से देखता है, तो यह उसकी संकीर्ण मानसिकता को दर्शाता है। एक यूजर ने लिखा, “कृति और नूपुर ने यह साबित कर दिया है कि रिश्ते खून और प्यार से बनते हैं, किसी लिंग भेद से नहीं।”

रूढ़िवादिता को तोड़ती नई सोच और महिला सशक्तिकरण की मिसाल

कृति सेनन का यह कदम केवल एक त्योहार का सेलिब्रेशन नहीं है, बल्कि यह समाज में गहराई से जड़ें जमा चुकी पितृसत्तात्मक सोच पर एक करारा प्रहार है। लंबे समय से रक्षाबंधन को केवल इस धारणा के साथ देखा जाता रहा है कि बहन कमजोर है और उसे एक भाई की शारीरिक सुरक्षा की आवश्यकता है।

लेकिन बदलते भारत में महिलाएं आत्मनिर्भर हैं, सीमाओं पर देश की रक्षा कर रही हैं, अंतरिक्ष तक उड़ान भर रही हैं और परिवारों को आर्थिक व मानसिक संबल प्रदान कर रही हैं। ऐसे में दो बहनों का आपस में राखी बांधना इस बात का प्रतीक है कि महिलाएं अपनी और अपने अपनों की रक्षा करने में पूरी तरह सक्षम हैं। कृति और नूपुर का यह रिश्ता देश की उन करोड़ों बेटियों के लिए एक प्रेरणा है जिनके भाई नहीं हैं, लेकिन जिनके पास एक-दूसरे का अटूट साथ और प्यार मौजूद है।

करियर के मोर्चे पर दोनों बहनों का शानदार सफर

फिल्म ‘मिमी’ के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार जीतने के बाद कृति सेनन बॉलीवुड की सबसे भरोसेमंद और प्रतिभाशाली अभिनेत्रियों की पहली कतार में शुमार हो चुकी हैं। वे अभिनय के साथ-साथ अब बतौर निर्माता (Producer) भी अपनी पहचान बना रही हैं और अपने स्किनकेयर ब्रांड व फिटनेस वेंचर्स के जरिए एक सफल उद्यमी के रूप में उभर रही हैं।

वहीं उनकी छोटी बहन नूपुर सेनन ने भी म्यूजिक वीडियोज और फिल्मों के जरिए अभिनय की दुनिया में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। दोनों बहनें अक्सर एक-दूसरे के प्रोजेक्ट्स को सपोर्ट करती हैं और हर सुख-दुख में साथ खड़ी नजर आती हैं।

कृति सेनन द्वारा ट्रोल्स को दिया गया यह जवाब यह साफ करता है कि आज की आधुनिक और सशक्त महिला न केवल अपने अधिकारों को पहचानती है, बल्कि अपने संस्कारों और रिश्तों की गरिमा की रक्षा करना भी बखूबी जानती है। उनका यह पोस्ट यह संदेश देता है कि त्योहारों की असली खूबसूरती उनके पीछे छिपे प्रेम और समर्पण के भाव में होती है, न कि किसी बाहरी दिखावे या संकीर्ण नियमों में।

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