‘मुझे और मेरे चेहरे को भूल मत जाना’, शाहजहांपुर में दिव्यांग लाभार्थी से बोले वित्त मंत्री सुरेश खन्ना

उत्तर प्रदेश की राजनीति में अपने अनूठे और जमीन से जुड़े कार्यशैली के लिए खास पहचान रखने वाले प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना (Suresh Khanna) का एक बेहद दिलचस्प और अनोखा अंदाज सोशल मीडिया पर तेजी से सुर्खियां बटोर रहा है। उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर (Shahjahanpur) जिले में आयोजित एक सरकारी कल्याणकारी योजना के तहत दिव्यांग जनों (Divyangjan) और जरूरतमंदों के बीच सहायक उपकरण वितरण समारोह के दौरान मंत्रीजी ने एक ऐसा बयान दिया, जिसे सुनकर वहां मौजूद सभी लोग मुस्कुरा उठे। मंच पर एक दिव्यांग लाभार्थी को उपकरण सौंपते हुए वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने हल्के-फुल्के और अपने चिरपरिचित मजाकिया अंदाज में कहा कि ‘मुझे और मेरे चेहरे को भूल मत जाना’। यह वीडियो सामने आने के बाद से ही इंटरनेट पर चर्चा का विषय बन गया है, और लोग राजनेताओं के इस प्रकार के जनता के साथ सीधे जुड़ाव की सराहना कर रहे हैं। आइए जानते हैं कि इस कार्यक्रम के दौरान क्या कुछ खास हुआ और कैसे मंत्रीजी के इस अंदाज ने महफिल लूट ली।

शाहजहांपुर में दिव्यांग सशक्तिकरण महाअभियान और उपकरणों का वितरण

उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा समाज के कमजोर, वंचित और दिव्यांग वर्गों के जीवन को सुगम बनाने के लिए लगातार विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही हैं। इसी कड़ी में शाहजहांपुर जिले में एक भव्य वितरण समारोह का आयोजन किया गया था, जहां जिले भर से आए सैकड़ों दिव्यांगजनों को उनकी जरूरत के हिसाब से मोटराइज्ड ट्राईसाइकिल (Motorized Tricycle), व्हीलचेयर, कृत्रिम अंग, श्रवण यंत्र और अन्य सहायक उपकरण वितरित किए जाने थे। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने खुद अपने हाथों से कई लाभार्थियों को ये उपकरण सौंपे। सरकार की मंशा इन उपकरणों के जरिए दिव्यांग जनों को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है ताकि वे अपनी दैनिक जरूरतों के लिए किसी पर भी निर्भर न रहें।

मंच पर वह पल जब वित्त मंत्री सुरेश खन्ना की बात सुनकर खिल उठे चेहरे

समारोह के दौरान जब एक दिव्यांग लाभार्थी व्हीलचेयर या अन्य उपकरण लेने के लिए मंच पर पहुंचा, तो मंत्री सुरेश खन्ना ने पूरी आत्मीयता के साथ उसका हाल-चाल जाना। उपकरण भेंट करते समय मंत्रीजी ने मुस्कुराते हुए लाभार्थी से सहज भाव से कहा कि ‘मुझे और मेरे चेहरे को भूल मत जाना’। मंत्रीजी के मुंह से यह बात सुनकर वहां मौजूद अधिकारी, स्थानीय नेता और खुद लाभार्थी अपनी हंसी नहीं रोक पाए। राजनेताओं और जनता के बीच आमतौर पर एक औपचारिक दूरी देखी जाती है, लेकिन सुरेश खन्ना का यह बेबाक और अपनापन भरा अंदाज हमेशा से ही जनता के बीच उनकी लोकप्रियता का सबसे बड़ा कारण रहा है। उन्होंने न केवल उपकरण दिए, बल्कि हर लाभार्थी से बड़े अपनेपन के साथ बातचीत की और यह सुनिश्चित किया कि किसी भी जरूरतमंद को सरकारी योजना का लाभ पाने में कोई कठिनाई न हो।

जनता के बीच अपनी खास पैठ और सादगी के लिए जाने जाते हैं सुरेश खन्ना

सुरेश खन्ना उत्तर प्रदेश की राजनीति के उन चुनिंदा दिग्गजों में गिने जाते हैं जो दशकों से लगातार जनता के बीच अपनी सक्रियता और सादगी के लिए जाने जाते हैं। शाहजहांपुर विधानसभा सीट से लगातार विधायक चुने जाने वाले और वर्तमान में योगी आदित्यनाथ सरकार में वित्त जैसे अहम विभाग की जिम्मेदारी संभालने वाले सुरेश खन्ना अपने निर्वाचन क्षेत्र में हर छोटे-बड़े कार्यक्रम में खुद मौजूद रहते हैं। उनकी यही खासियत है कि वे बिना किसी तामझाम के सीधे आम जनता से संवाद स्थापित करते हैं। इस तरह के हल्के-फुल्के संवाद और जमीन से जुड़े किस्से अक्सर सोशल मीडिया पर वायरल होते रहते हैं, जो यह दिखाते हैं कि जनप्रतिनिधि और जनता के बीच का रिश्ता कितना गहरा और जीवंत हो सकता है।

सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और पारदर्शिता पर जोर

इस कार्यक्रम के दौरान अपने संबोधन में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास की रोशनी पहुंचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि डीबीटी (Direct Benefit Transfer) और कल्याणकारी योजनाओं के वितरण में पूरी पारदर्शिता बरती जाए ताकि एक भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रह जाए। कार्यक्रम में मौजूद स्थानीय प्रशासन और समाज कल्याण विभाग के अधिकारियों ने भी आश्वस्त किया कि जिले के सभी दिव्यांग जनों और बुजुर्गों को समयबद्ध तरीके से सहायता पहुंचाई जा रही है। अंत में, मंत्रीजी का वह मजेदार संवाद इस बात का प्रतीक बन गया कि कैसे एक जननेता अपनी सरल बोली और हास्य-बोध से कठिन से कठिन राजनीतिक माहौल में भी अपनापन घोल सकता है।

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